स्वतंत्रता क हुए ७० साल
क्यों नहीं जगा देश का लाल
भारत माता अब भी बेहाल
जकड़े हैं किसी ने जैसे बाल
क्यों ठोकते हो आपस में ताल
बंद करो झूठे अबीर-गुलाल
काटो पहले गुलामी का जाल
कहलाओ भारत मां के लाल
बंद करो होना मालामाल
नहीं है ये कोई कमाल
वर्ना होओगे एक दिन हलाल
खींचेगा फिर से कोई खाल
गलेगी न तब तेरी दाल
रोओगे बस तब अपनी हाल
भारत माता की : जय
भारत का नाम BHARAT ही करो
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